नैनीताल दुष्कर्म मामला: ठेकेदार उस्मान खान को हाईकोर्ट से अंतरिम राहत नहीं

नैनीताल के बहुचर्चित नाबालिग दुष्कर्म मामले में उत्तराखंड हाईकोर्ट ने आरोपी ठेकेदार उस्मान खान को अंतरिम राहत देने से इनकार कर दिया है। हाईकोर्ट ने उसकी जमानत याचिका पर अगली सुनवाई की तिथि 16 फरवरी तय की है।
मामले की सुनवाई एकल पीठ में न्यायमूर्ति आलोक कुमार मेहरा ने की। सुनवाई के दौरान उस्मान खान की ओर से दलील दी गई कि वह लंबे समय से न्यायिक हिरासत में है और मीडिया व सोशल मीडिया में मामले के व्यापक प्रचार के कारण उसे नुकसान उठाना पड़ा है। बचाव पक्ष ने यह भी कहा कि आरोपी के खिलाफ दुष्कर्म का कोई अपराध नहीं बनता और उसे जमानत दी जानी चाहिए।
उस्मान खान नैनीताल के रूकूट कंपाउंड क्षेत्र का निवासी है। उसके खिलाफ अप्रैल माह में कोतवाली नैनीताल में 12 वर्षीय नाबालिग से दुष्कर्म के आरोप में मुकदमा दर्ज किया गया था। मामले के सामने आने के बाद शहर में माहौल तनावपूर्ण हो गया था। स्थानीय संगठनों ने विरोध प्रदर्शन किए थे और बाजार क्षेत्र में तोड़फोड़ की घटनाएं भी सामने आई थीं। कई दिनों तक नैनीताल में प्रदर्शन जारी रहे थे।
आरोपी की गिरफ्तारी के बाद से वह लगातार न्यायिक अभिरक्षा में है। प्रारंभिक सुनवाई के बाद हाईकोर्ट ने तत्काल कोई राहत देने से इनकार करते हुए जमानत याचिका को अगली तारीख के लिए सूचीबद्ध कर दिया।
इसे भी पढ़ें – कालाढूंगी में स्मार्ट मीटर लगाने के बाद बढ़े बिजली बिल, उपभोक्ताओं का प्रदर्शन
यह मामला आरोपों की गंभीरता और एफआईआर के बाद हुई सार्वजनिक प्रतिक्रिया के कारण लगातार चर्चा में बना हुआ है।




