एक स्कूल में एक विषय के दो शिक्षक, दुविधा में शिक्षा विभाग – वेतन किसे दिया जाए?

एक स्कूल में एक विषय के दो शिक्षक, दुविधा में शिक्षा विभाग – वेतन किसे दिया जाए?

शिक्षा विभाग में कई शिक्षक तबादला एक्ट ताक पर रखकर अब तक स्थानांतरित विद्यालय के लिए कार्यमुक्त नहीं हुए। इसके बाद अब विभाग ने ऐसे शिक्षकों की जानकारी मांगी है। दरअसल, विभाग ने जिन शिक्षकों को पहाड़ से नीचे उतारा, वे सुगम स्कूलों में तैनाती पा गए, लेकिन जिन्हें पहाड़ चढ़ाया, उनमें कई कार्यमुक्त नहीं हुए। अब एक ही विद्यालय में दो-दो की तैनाती से तनख्वाह का संकट पैदा हो गया है। इससे यह स्थिति बनी कि एक ही विद्यालय में एक ही विषय के दो-दो शिक्षक तैनात हैं। शिक्षा निदेशक महावीर सिंह बिष्ट के मुताबिक, तबादला आदेश के बावजूद कार्यमुक्त न होने वाले शिक्षकों के संबंध में जानकारी मांगी गई है। शिक्षा विभाग ने वार्षिक स्थानांतरण अधिनियम 2017 के तहत शिक्षा सत्र 2023-24 में शिक्षकों के सुगम से दुर्गम और दुर्गम से सुगम क्षेत्र के विद्यालयों में तबादले किए थे।

लेकिन, कई शिक्षक सुगम क्षेत्र के विद्यालयों में तैनाती पा गए, पर दुर्गम क्षेत्र के विद्यालयों में जाने के बजाए कोर्ट चले गए या उच्चाधिकारी से फिलहाल तबादले पर रोक का आदेश ले आए। मुख्य शिक्षाधिकारी देहरादून प्रदीप कुमार की ओर से समस्त खंड शिक्षा अधिकारियों को लिखे पत्र में कहा गया, कुछ शिक्षक तबादला आदेश के बावजूद अपने पूर्व के विद्यालय में कार्यरत हैं।

वेतन के लिए प्रार्थना पत्र 
इस तरह के विद्यालयों में खाली पदों पर अन्य शिक्षकों की तैनाती से वहां एक ही विषय के दो शिक्षक कार्यरत हैं। विद्यालय में एक ही शिक्षक का पद स्वीकृत है। एक पद पर दो शिक्षकों की तैनाती से किसी एक शिक्षक का वेतन निकल पा रहा है। जिस शिक्षक का वेतन नहीं निकल पा रहा, उन शिक्षकों की ओर से सीईओ कार्यालय में वेतन देने के लिए प्रार्थना पत्र दिए जा रहे हैं।

उन्होंने सभी बीईओ को दिए निर्देश में कहा, विकासखंड के तहत स्कूलों में कार्यरत ऐसे शिक्षक जो हाईकोर्ट या विभागीय आदेश पर स्थानांतरित विद्यालयों के लिए कार्यमुक्त नहीं हुए, उन शिक्षकों की सूची तैयार कर उन्हें स्थानांतरित स्कूलों के लिए कार्यमुक्त न करने के हाईकोर्ट एवं उच्च अधिकारियों के आदेश की प्रति दी जाए। विभागीय अफसरों के मुताबिक, ऐसी स्थित हरिद्वार, नैनीताल, ऊधमसिंह नगर सहित प्रदेश के कई जिलों की बनी है।

स्थानांतरित विद्यालयों के लिए कार्यमुक्त न होने वाले शिक्षकों के बारे में जानकारी मांगी गई है। अफसरों से कहा गया कि ये शिक्षक किसके आदेश से कार्यमुक्त नहीं हुए, उस आदेश की प्रति दी जाए। -महावीर सिंह बिष्ट, निदेशक माध्यमिक शिक्षा

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