चंद्रबदनी परिसर में कविता लेखन और प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता आयोजित
टिहरी गढ़वाल: श्रीदेव सुमन उत्तराखंड विश्वविद्यालय के चंद्रबदनी (नैखरी) परिसर में 25 अगस्त को अखिल भारतीय शिक्षा समागम-2026 के अंतर्गत कविता पाठ और भारतीय ज्ञान परंपरा विषय पर प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता आयोजित की गई। शिक्षा मंत्रालय, भारत सरकार के तत्वावधान में आयोजित कार्यक्रम में विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक प्रतिभाग किया।
कार्यक्रम परिसर निदेशक डॉ. महंथ मौर्य की अध्यक्षता में आयोजित हुआ। प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता में चार टीमों ने प्रतिभाग किया। इसमें खुशबू और सृष्टि ने प्रथम, काजल और अनामिका ने द्वितीय तथा रेणुका और सुमन ने तृतीय स्थान प्राप्त किया।
कविता पाठ में विद्यार्थियों ने दिखाई रचनात्मक प्रतिभा
कविता लेखन और पाठ गतिविधि में छह विद्यार्थियों ने प्रतिभाग किया। बीए तृतीय सेमेस्टर की छात्राओं खुशबू और सृष्टि ने कविता पाठ प्रस्तुत किया। दोनों छात्राओं ने भारतीय संस्कृति, परंपरा और मानवीय मूल्यों पर आधारित रचनाएं प्रस्तुत कीं।
हिंदी विभाग की प्राध्यापिका डॉ. सरिता ने कविता पाठ के साथ कार्यक्रम का संचालन किया।
परिसर निदेशक डॉ. महंथ मौर्य ने कहा कि भारतीय ज्ञान परंपरा की समृद्ध विरासत को समझना और उसे नई पीढ़ी तक पहुंचाना आवश्यक है। दो दिवसीय कार्यक्रम के नोडल अधिकारी डॉ. मूलचंद्र शुक्ल ने कार्यक्रम के उद्देश्यों और विभिन्न गतिविधियों की जानकारी दी। उन्होंने विद्यार्थियों से भारतीय ज्ञान परंपरा को समझने और अपने जीवन में आत्मसात करने का आह्वान किया।
विद्यार्थियों को दिलाई नशामुक्ति की शपथ
कार्यक्रम के अंत में एंटी ड्रग सेल के नोडल अधिकारी डॉ. सुरेश कुमार भट्ट ने विद्यार्थियों और उपस्थित प्रतिभागियों को नशामुक्ति की शपथ दिलाई। सभी ने नशे से दूर रहने और समाज को नशामुक्त बनाने में सक्रिय योगदान देने का संकल्प लिया।
समापन अवसर पर डॉ. गुरु प्रसाद थपलियाल ने धन्यवाद ज्ञापित किया। उन्होंने कार्यक्रम को सफल बनाने में सहयोग देने वाले प्राध्यापकों, कर्मचारियों और विद्यार्थियों का आभार व्यक्त किया।
आयोजकों के अनुसार कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों में भारतीय ज्ञान परंपरा के प्रति रुचि और गौरव की भावना विकसित करने के साथ उनकी रचनात्मक प्रतिभा को प्रोत्साहित करना और नशामुक्त समाज के प्रति जागरूकता बढ़ाना रहा।
