देहरादून के निजी अस्पतालों में आयुष्मान योजना जांच में मिली गड़बड़ियां, कई को नोटिस जारी

देहरादून के निजी अस्पतालों में आयुष्मान योजना जांच में मिली गड़बड़ियां, कई को नोटिस जारी

देहरादून में आयुष्मान भारत योजना के तहत मुफ्त इलाज के दावों की जांच के दौरान कई निजी अस्पतालों में गंभीर अनियमितताएं सामने आई हैं। मंगलवार को डायरेक्टर क्लेम्स डॉ. सरोज नैथानी के नेतृत्व में गठित टीम ने विभिन्न अस्पतालों का औचक निरीक्षण किया।

निरीक्षण टीम में डॉ. अपूर्वा, पंकज, पुनीत और नवीन चमोली शामिल रहे। टीम ने अरिहंत अस्पताल, हंस डायलिसिस सेंटर, बलूनी अस्पताल, राही नेत्रालय और ओजस्वी अस्पताल का निरीक्षण किया। जांच के दौरान कई कमियां मिलने पर संबंधित अस्पतालों को नोटिस जारी किए गए।

अरिहंत अस्पताल में छह बेड का डायलिसिस सेंटर एक छोटे कमरे में खराब स्थिति में संचालित मिलता पाया गया। टीम ने नियमित डॉक्टर निगरानी की कमी भी देखी। साथ ही नर्सिंग स्टाफ को डायलिसिस प्रक्रिया की पर्याप्त जानकारी नहीं होने की बात सामने आई। मामले को गंभीर मानते हुए अस्पताल को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया।

हंस डायलिसिस सेंटर में निरीक्षण के दौरान सेवाओं का अपेक्षित उपयोग नहीं पाया गया। अधिकारियों ने मरीजों में आयुष्मान योजना की जानकारी पहुंचाने के लिए सूचना, शिक्षा और संचार गतिविधियों की भी कमी बताई।

ओजस्वी अस्पताल में निरीक्षण के समय केवल चार मरीज भर्ती मिले। इनमें से दो मरीज आयुष्मान योजना के तहत ऊधम सिंह नगर से लाए गए थे। अधिकारियों को संदेह हुआ कि दो मरीजों को बिना आवश्यकता आईसीयू में भर्ती किया गया था। इससे योजना के दुरुपयोग की आशंका जताई गई।

बलूनी अस्पताल में एक लाभार्थी से इलाज के बदले 17,250 रुपये लेने का मामला सामने आया। जबकि आयुष्मान योजना के तहत यह उपचार पूरी तरह मुफ्त था। अधिकारियों ने संकेत दिए कि मामले में विभागीय जांच शुरू की जा सकती है।

राही नेत्रालय में भी सुविधाओं की समीक्षा की गई। अधिकारियों ने कहा कि निरीक्षण की विस्तृत रिपोर्ट तैयार की जा रही है। टीम ने साफ किया कि आयुष्मान योजना के तहत मरीजों के अधिकारों से खिलवाड़ और लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। लगातार बढ़ती शिकायतों के बीच यह कार्रवाई स्वास्थ्य सेवाओं की निगरानी को लेकर अहम मानी जा रही है।

Saurabh Negi

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